February 25, 2026

आवारा पशुओं को गौठानों में रखे, ताकि दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके-मिश्रा

कोरबा 30 अगस्त। छत्तीसगढ़ भूपेश सरकार राज्य भर में पशु संरक्षण को मजबूत करने के प्रयास में, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की मंशानुसार गौ-सेवा हमारे लिए सिर्फ एक नारा नहीं है, यह हमारी जिम्मेदारी है। छत्तीसगढ़ में गायों की रक्षा और संरक्षण किसानों के जीवन को बदलने के अभियान का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। सूराजी गांव योजना और गोधन न्याय योजना के तहत राज्य सरकार नरवा, गरुआ, घुरवा, बारी और गौठानों के माध्यम से इस दिशा में कदम उठा रही है।लेकिन कोरबा जिले में सड़क पर बैठे पशुपालकों की गैर जिम्मेदाराना हरकत की वजह से आय दिन गाय दुर्घटना की शिकार हो रही है तो वहीं सड़क पर बैठे मवेशियों की वजह से लोग भी दुर्घटना के शिकार हो रहे हैं।

इन सभी मामलों पर संज्ञान लेते हुए छत्तीसगढ़ राज्य गौ सेवा आयोग के सदस्य प्रशांत मिश्रा ने कोरबा जिले में गौठानों के क्रियान्वयन के लिए जिला पंचायत सीईओ, नेशनल हाईवे से लगे ग्राम पंचायतों के ग्राम सरपंचों को निर्देशित करते हुए कहा कि सड़क पर बैठे आवारा पशुओं को गौठानों में रखे जिससे सड़क पर होने वाली दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके तथा ग्राम पंचायतों में संचालित गौठान में आवारा घूम रहे मवेशियों को सुरक्षित रखने का कदम स्वयं उठाये। ताकि मवेशी सड़को पर न बैठे व उन्हें सुरक्षित गौठान में रखें।

मिश्रा ने बताया कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा महत्वपूर्ण गौठान योजना के तहत प्रत्येक गोठान को 10 हजार की राशि हर महीने दी जाती है । राज्य के 9 जिलों में गो सेवा आयोग के माध्यम से राशि भेजी जाती बाकी जिलों में खनिज न्यास मद से राशि ग्राम पंचायतों को दी जाती है । इस राशि का उपयोग सरपंच इस कार्य के लिए कर सकता है। इतनी राशि से सड़कों पर बैठे आवारो पशुओं को गौठान में रख कर चारा पानी की व्यवस्था कर पशुओं को सुरक्षित रखे। यदि उसे राशि नही मिल रही है तो उन्हें सूचित करे। उन्होंने कहा कि सरकार के पिछले ढाई साल के कार्यकाल में राज्य ने गायों के संरक्षण में बहुत अच्छी सफलता हासिल की है और इसी कारण की वजह से आज छत्तीसगढ़ देश के लिए एक मिसाल बन गया है।

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Ranjan Prasad

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