एनटीपीसी का सराहनीय कदम, 122 बालिकाओं के सपनों को मिलेगी नई उड़ान

कोरबा। एनटीपीसी कोरबा ने बालिका सशक्तिकरण अभियान के सातवें संस्करण का शुभारंभ कर बेटियों को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया है। चार सप्ताह तक चलने वाली इस पूर्णतः आवासीय कार्यशाला में इस वर्ष कोरबा क्षेत्र की 122 बालिकाओं ने भागीदारी दर्ज कराई है, जो कार्यक्रम के प्रति समुदाय के बढ़ते विश्वास और सकारात्मक प्रभाव को दर्शाता है।

कार्यक्रम का उद्घाटन परियोजना प्रमुख किशोर चंद्र पात्रा ने किया। इस अवसर पर वरिष्ठ अधिकारी, मैत्री महिला समिति की सदस्याएँ, सीआईएसएफ प्रतिनिधि, कर्मचारी, यूनियन एवं एसोसिएशन पदाधिकारी, अभिभावक और स्थानीय नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की शुरुआत पंजीकरण समारोह से हुई, जहां प्रतिभागियों को जीईएम किट वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। वहीं मैत्री महिला समिति द्वारा भी विशेष किट वितरण किया गया, जिससे बालिकाओं के चेहरे खुशी से खिल उठे। उद्घाटन समारोह के दौरान प्रतिभागियों ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दीं। साथ ही पूर्व जीईएम प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि इस कार्यक्रम ने उनके आत्मविश्वास, व्यक्तित्व और संवाद कौशल को नई पहचान दी। उनकी प्रेरणादायक कहानियों ने नई प्रतिभागियों में भी उत्साह भर दिया।

अपने संबोधन में किशोर चंद्र पात्रा ने कहा कि जीईएम केवल एक प्रशिक्षण कार्यक्रम नहीं, बल्कि बालिकाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने वाला मंच है। यह कार्यक्रम बालिकाओं में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और बड़े सपने देखने का साहस विकसित करता है। उन्होंने बालिकाओं को सीखने, आगे बढ़ने और अपनी क्षमताओं पर विश्वास रखने के लिए प्रेरित किया।
आगामी चार सप्ताहों के दौरान प्रतिभागियों को शैक्षणिक सुदृढ़ीकरण, कंप्यूटर शिक्षा, योग, खेलकूद, आत्मरक्षा, कला, संगीत, स्वास्थ्य एवं स्वच्छता, संचार कौशल, समय प्रबंधन, नेतृत्व विकास तथा व्यक्तित्व विकास का प्रशिक्षण दिया जाएगा। स्थापना से अब तक एनटीपीसी कोरबा के बालिका सशक्तिकरण अभियान से लगभग 660 बालिकाएँ लाभान्वित हो चुकी हैं। इनमें से कई छात्राएँ उच्च शिक्षा प्राप्त कर अपने समुदायों में प्रेरणास्रोत और रोल मॉडल बन चुकी हैं। अब तक इस अभियान से 41 विद्यालयों तथा 36 गांवों एवं शहरी वार्डों की बालिकाएँ जुड़ चुकी हैं।
छात्राओं, अभिभावकों, शिक्षकों और स्थानीय समुदाय की उत्साहपूर्ण सहभागिता ने जीईएम 7.0 के लिए सकारात्मक और ऊर्जावान वातावरण तैयार किया। यह पहल एक बार फिर साबित करती है कि एनटीपीसी कोरबा समाज में बेटियों को आगे बढ़ाने और उन्हें बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रतिबद्ध है।
