प्रधानमंत्री आवास योजना की मजदूरी भुगतान राशि में गबन का आरोप, जांच शुरू
विनोद उपाध्याय

हरदीबाजार । ग्राम पंचायत मुड़ापार जनपद पंचायत पाली में नवनिर्वाचित सरपंच व उनके परिजनों पर प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत मिलने वाली 90 दिवस की मनरेगा मजदूरी की राशि गबन करने का गंभीर आरोप सामने आया है। यह शिकायत ग्राम पंचायत निवासी आवेदक रेशम लाल चंद्रमा द्वारा कलेक्टर कोरबा को सौंपी गई थी।
शिकायत में उल्लेख किया गया है कि सरपंच सिल्की बाई, उनके पति कुंवर सिंह राज और पंच मुद्रिका बाई पति नंदकुमार ने मिलकर हितग्राहियों को दिए जाने वाले मजदूरी भुगतान की राशि हड़प ली। बताया गया है कि भुगतान प्रक्रिया में पंचायत सचिव, रोजगार सहायक और आवास मित्र को कोई जानकारी नहीं दी गई तथा उनसे न तो हस्ताक्षर कराए गए और न ही मास्टर रोल पर हस्ताक्षर करवाए गए। आरोप है कि सरपंच ने अपने हस्ताक्षर व सील का इस्तेमाल कर 90 दिवस मजदूरी की राशि स्वयं के खाते और अपने परिजनों के खातों में डलवाई। हितग्राहियों का कहना है कि उन्हें मजदूरी की राशि की जानकारी तक नहीं दी गई और जब उन्होंने भुगतान की मांग की, तो उन्हें टालमटोल कर बहलाया-फुसलाया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर कोरबा ने शिकायत को संज्ञान में लेते हुए मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत पाली को पत्र जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है। इसके बाद मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने पत्र क्रमांक 3848, दिनांक 11 सितंबर को आदेश जारी कर जांच दल गठित किया। जांच दल में सुरेश कुमार यादव (कार्यक्रम अधिकारी), त्रिलोक सिंह प्रधान (करारोपण अधिकारी), मोहनलाल जांगड़े (सहा.वि.वि. अधिकारी) और अमितोष राठौर (तकनीकी सहायक) शामिल किए गए। टीम को 3 दिवस के भीतर जांच प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में कार्यक्रम अधिकारी सुरेश यादव ग्राम मुड़ापार पहुंचे और सभी हितग्राहियों की बैठक लेकर बयान दर्ज किए। जांच रिपोर्ट शीघ्र ही तैयार कर मुख्य कार्यपालन अधिकारी को सौंपी जाएगी। ग्रामीणों ने कलेक्टर से मांग की है कि प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत उनके 90 दिवस की मजदूरी भुगतान की राशि शीघ्र दिलाई जाए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।