February 26, 2026

एसईसीएल दीपका से निकाले गए ठेका मजदूरो की बहाली की मांग को लेकर प्रदर्शन

कोरबा 19 दिसंबर। आज ऊर्जाधानी भूविस्थापित किसान कल्याण समिति ने एसईसीएल दीपका के साइलो और सीएचपी से बाहर निकाले गए ठेका मजदूरों को साथ लेकर तीन किलोमीटर तक पदयात्रा किया और सीजीएम कार्यालय के सामने जमकर प्रदर्शन कर बहाली की मांग किया।

दीपका स्थित साइलो और सीएचपी में 1 दिसम्बर को नई ठेका कंपनी ने कार्य करना शुरू किया है और कार्यस्थल में नियोजित 240 में से 100 मजदूरों की छंटनी कर दिया है जिससे अपनी आजीविका संकट और परिवार के भरण पोषण की समस्या आ जाने से मजदूरों में भारी नाराजगी है। विगत 5 दिसम्बर को 3 घण्टे तक साइलो को बंद कराकर मजदूरों ने अपनी आक्रोश प्रदर्शित किया था। आंदोलन स्थल में जिला प्रशासन की ओर से दीपका तहसीलदार ए दीपका थाना प्रभारी ए एसईसीएल के अधिकारी की मौजूदगी में ठेका कंपनी नागार्जुन के स्थानीय प्रबंधक ने लिखित में आश्वासन देते हुए 15 दिनों में सभी कामगारों को काम पर वापस रख लेने का आश्वासन दिया था किंतु नियत तिथि के समाप्ति पर मजदूरों को वापस नही लिया है। जिसको लेकर एक बार पुनः अपनी मांगों को दुहराते हुए चेतावनी दिया गया है 20 तारीख तक निकाले गए ठेका कर्मियों को वापस नही लिया गया तो अब 21 तारीख से साइलो को अनिश्चित काल के लिए बन्द करा दिया जाएगा।

रैली शुरू होने से पूर्व प्रगति कालोनी के मैदान में एकत्र ठेका कामगारों को सम्बोधित करते हुए ऊर्जाधानी भुविस्थापित किसान कल्याण समिति के अध्यक्ष सपुरन कुलदीप ने कहा कि कोयला खदान से प्रभावित और भुविस्थापित परिवार देश की विकास की बलि में अपनी कुर्बानी देते आ रहे हैं। पुनर्वास नीति में उल्लेखित अधिकारों और मूलभूत सुविधाओं को स्थानीय प्रबन्धन व जिला प्रशासन इन परिवारों को दिलाने के मामले में उदासीन बना हुआ है। खदान और खनन से जुड़ी समस्त कार्यो के लिए आउटसोर्सिंग के माध्यम से बड़ी बड़ी ठेका कम्पनियो को नियोजित कर शोषण के लिए खुला छूट दे दिया गया है। जिसके कारण एसईसीएल की हाई पावर कमेटी से निर्धारित वेतन सहित अन्य सुविधाएं मजदूरों को नही मिल रहा है। मुख्य नियोक्ता होने के बावजूद एसईसीएल अपनी जिम्मेदारियों को पूरा नही कर रही है इसके खिलाफ मिलजुलकर आंदोलन का विस्तार करना होगा।

संगठन के दीपका क्षेत्र के कार्यवाहक अध्यक्ष प्रकाश कोर्राम ने कहा कि ठेका कंपनी मजदूरों की वेतन में लूट मचा कर रखी हुई है उनका पी एफ सुरक्षा उपकरण और अन्य सुविधाओं को नही दिया जा रहा है । पिछले वर्ष साइलो से गिरकर मरने वाले कामगार रामचन्द्र के परिजनों को 23 लाख रुपये देने का फैसला हुआ था अभी भी 15 लाख का भुगतान नही किया जा रहा है । कोरबा क्षेत्र के संयोजक गजेन्द्र ठाकुर ने कहा जल जंगल जमीन के मालिकों यानी भुविस्थापितों को दर दर भटकाया जा रहा । अब हम एसईसीएल व ठेकेदारों की मनमानी नही चलने देंगे।

ranjan photo
Ranjan Prasad

Spread the word