March 17, 2026

आरक्षण की मांग को लेकर आदिवासी समुदाय ने विधायकों के जलाए पुतले

कोरबा 10 अक्टूबर। यहां के जेंजरा बायपास चौराहे पर आदिवासी समाज ने आज चक्का जाम किया। जनजातीय समुदाय को छत्तीसगढ़ में 32प्रतिशत आरक्षण देने की मांग यहां पर की गई। जिन विधायकों ने इस मामले में उदासीनता दिखाई, उनके पुतले भी आयोजकों ने जलाएं। आदिवासी समाज से वास्ता रखने वाले विभिन्न घटक इस प्रदर्शन में शामिल हुए।

पिछले कुछ दिनों से आरक्षण के मसले को लेकर सरकार के साथ इस समुदाय की तकरार बनी हुई है। आदिवासी समाज मांग कर रहा है कि सभी क्षेत्रों में प्रतिनिधित्व और अवसर देने के लिए उन्हें 32प्रतिशत आरक्षण दिया जाए। किसी भी प्रकार की कटौती और असंतुलन उन्हें बर्दाश्त नहीं है। तर्क दिया जा रहा है कि प्रदेश में उनकी आबादी ज्यादा है और योगदान भी अधिक है इसलिए आरक्षण के मामले में उन्हें ज्यादा मौके मिलना ही चाहिए। जनजातीय समाज की जिला इकाई के नेतृत्व में कटघोरा के मुख्य चौराहे पर आज सुबह चक्का जाम कर दिया गया। इससे सबसे ज्यादा परेशानी उन बहनों और लोगों को हुई जो शहर के बीच से होकर आवाजाही करते हैं । इस दौरान इस रास्ते पर वहीं वाहन फंसे जिन्हें चक्का जाम के बारे में जानकारी नहीं थी। जबकि बाईपास का उपयोग करने वाले वाहनों को काफी आसानी हुई और वे बड़ी आसानी से अपने गंतव्य के लिए रवाना हुए। इधर शहर के बीच चक्का जाम होने से उत्पन्न परिस्थिति को देखते हुए पुलिस ने अपनी ओर से कोशिश की। बताया गया कि चक्का जाम करने वालों ने यहां पर कोरबा जिले के उन विधायकों के पुत्रों का दहन किया जो जानकारी होने पर समर्थन देने के लिए यहां नहीं पहुंचे थे। समाचार लिखे जाने तक यहां पर जनजातीय समुदाय का प्रदर्शन जारी था।

1210
Ranjan Prasad

Spread the word