तोमर परिवार से अमानवीय व्यवहार पर करणी सेना का फूटा गुस्सा, 7 दिसंबर को रायपुर में बड़ा विरोध

कोरबा। प्रेस क्लब तिलक भवन में आयोजित पत्रकार वार्ता में करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष राज शेखावत सहित राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने रायपुर पुलिस पर करणी सेना के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष वीरेंद्र सिंह तोमर और उनके परिवार के साथ अमानवीय व्यवहार करने का आरोप लगाया। पदाधिकारियों ने कहा कि तोमर परिवार के साथ मारपीट, दुर्व्यवहार, अश्लीलता और कस्टडी में असंवैधानिक कार्रवाई मानवाधिकारों का गंभीर उल्लंघन है, जिससे प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
नेताओं ने बताया कि गिरफ्तारी के दौरान बिना न्यायिक आदेश के जुलूस निकालना, हथकड़ी में घुमाना, नंगे पैर चलाना और बेहोशी की स्थिति में पैरों पर जूता रखकर उठाना न केवल डीके बसु गाइडलाइन का उल्लंघन है, बल्कि संविधान के अनुच्छेद 14, 21 और 22 का भी खुला हनन है।
उन्होंने आरोप लगाया कि तोमर की पत्नी, 72 वर्षीय मां, बेटी और महिला वकील संगीता सिंह के साथ भी पुलिसकर्मियों ने बिना कारण बताए अमानवीय व्यवहार किया। करणी सेना ने थाना प्रभारी योगेश कश्यप और सीएसपी राजेश देवांगन को तत्काल निलंबित कर उनके विरुद्ध आपराधिक प्रकरण दर्ज करने की मांग उठाई है। साथ ही रायपुर एसपी लाल उम्मेद सिंह को पदमुक्त कर उनके खिलाफ भी संवैधानिक प्रावधानों के तहत कार्रवाई की मांग की गई है। पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि मामले में शीघ्र, निष्पक्ष और कठोर कार्रवाई नहीं होती है, तो 7 दिसंबर को रायपुर में प्रदेशव्यापी विरोध और सत्याग्रह किया जाएगा। उन्होंने कहा कि आंदोलन की पूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।